०० किसानो को धान खरीदी का टोकन आबंटन करने के बाद भी बारदाना की कमी बताकर नहीं की अब तक धान खरीदी

०० संस्था प्रबंधक व अध्यक्ष की मनमानी से किसानो का सैकड़ो टन धान हुआ खराब, किसान को हुआ भारी आर्थिक नुकसांन

०० किसानो ने मुख्यमंत्री-प्रधानमंत्री सहित प्रशासन से की धान की भरपाई किये जाने की मांग

०० किसानो ने की भरारी संस्था प्रबंधक व अध्यक्ष की लापरवाही के खिलाफ कड़ी कार्यवाही किये जाने की मांग  

बिलासपुर| मस्तुरी तहसील के सेवा सहकारी समिति भरारी के क्षेत्र के कई किसानो को शासन द्वारा किये जा रहे धान खरीदी में टोकन आबंटन किये जाने के बाद भी धान की खरीदी नहीं किया गया व खरीदी केंद्र में किसानो के रखे धान की उचित रख-रखाव नहीं किये जाने से किसानो के सैकड़ो टन धान ख़राब हो गए| किसानो के सैकड़ो टन धान खरीदी नहीं किये जाने व उनके ख़राब होने का मुख्य कारण भरारी सहकारी सेवा सहकारी संस्था प्रबंधक व अध्यक्ष की मनमानी व गंभीर लापरवाही की वजह सामने आई है जिसके चलते क्षेत्र के किसानो को भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है| किसानो ने मुख्यमंत्री भूपेश बघेल-प्रधानमंत्री सहित प्रशासन से गुहार लगाते हुए किसानो को हुए आर्थिक नुकसान की भरपाई किये जाने व दोषी संस्था प्रबंधक एवं अध्यक्ष के खिलाफ कड़ी कार्यवाही किये जाने की मांग भी की है|

मस्तुरी तहसील के अंतर्गत आने वाले सहकारी सेवा समिति भरारी में शासन द्वारा किसानो से धान खरीदी किया जा रहा था, धान खरीदी के दौरान भरारी क्षेत्र के किसानो से धान खरीदी किया जा रहा था इस दौरान ग्राम विद्याडीह के किसान प्रकाश जांगड़े सहित कई किसान अपने धान की बिक्री करने सहकारी सेवा समिति भरारी पहुचे जहा 6 जनवरी को धान खरीदी केंद्र भरारी के संस्था प्रबंधक जगजीवन कुर्रे व अध्यक्ष सेवा सहकारी समिति धनसाय केवट ने प्रकाश जागड़े सहित अन्य किसानो को फरवरी माह को धान खरीदी करने के लिए टोकन का आबंटन किया जिसके बाद तयशुदा समयानुसार किसानो ने फरवरी माह में अपने धान लेकर धान खरीदी केंद्र भरारी पहुचकर टोकन के माध्यम से धान बेचना चाहा जहा उपस्थित संस्था प्रबंधक जगजीवन कुर्रे व अध्यक्ष सेवा सहकारी समिति धनसाय केवट ने किसानो को धान खरीदी के लिए बारदाना (बोरा) की कमी होना बताया तथा 3-4 दिनों बाद धान खरीदने की बात कही जिसके बाद किसानो ने अपने कई टन धान खरीदी केंद्र में ही रख दिया जिसके बाद से संस्था प्रबंधक व अध्यक्ष द्वारा किसानो से धान की खरीदी नहीं की गयी| फरवरी माह से अप्रैल माह के दौरान कई बार भारी बारिश भी हुई इस दौरान धान खरीदी केंद्र में किसानो के धान के उचित रख-रखाव को लेकर संस्था प्रबंधक व अध्यक्ष द्वारा किसी भी तरह की व्यवस्था नहीं की गयी जिसके चलते किसानो कासैकड़ो टन धान बुरी तरह से बर्बाद हो गया| किसानो ने संस्था प्रबंधक व अध्यक्ष से इस मामले को लेकर कई बार शिकायत भी की गयी लेकिन संस्था प्रबंधक व अध्यक्ष  द्वारा मनमानी करते हुए किसानो से दुर्व्यवहार करते हुए उचित जानकारी भी नहीं दी जा रही है लम्बे अरसे से धान की बिक्री नहीं होने व धान बर्बाद हो जाने से भारी आर्थिक नुकसान भी हुआ है जिसको लेकर किसानो ने मुख्यमंत्री भूपेश बघेल प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी एवं राज्य शासन से संस्था प्रबंधक व अध्यक्ष की गंभीर लापरवाही से हुए आर्थिक नुकसान की जल्द से जल्द भरपाई किये जाने व दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्यवाही किये जाने की मांग किया है|